Garden Scam Uttarakhand: एक दिन में उगाए दो साल के पौधे, कर दिए सप्लाई, किश्तों में ली रिश्वत

देहरादून घोटाले के लिए पूर्व निदेशक एचएस बवेजा ने एक फर्जी नर्सरी भी खड़ी कराई थी। उत्तरकाशी के बड़कोट तहसील के गांव लोढान में अनिका ट्रेडर्स नाम की इस नर्सरी को पांच जनवरी 2023 को लाइसेंस जारी किया गया।

पौधे सप्लाई करने में बवेजा और उसके साथियों ने जहां चाहा वहां फर्जीवाड़ा किया। उत्तरकाशी में तो हद ही हो गई। यहां अनिका नाम की नर्सरी को एक दिन पहले लाइसेंस दिया और अगले दिन दो साल वाले पौधे खरीदना दर्शा दिया। जबकि, मौके पर कोई नर्सरी है ही नहीं। यही नहीं बवेजा ने एक और खेल खेला। ऑफिस के लाइसेंस रजिस्टर को ही गायब कर दिया। यह रजिस्टर अब तक सीबीआई के हाथ नहीं लगा है।

दरअसल, इस घोटाले के लिए पूर्व निदेशक एचएस बवेजा ने एक फर्जी नर्सरी भी खड़ी कराई थी। उत्तरकाशी के बड़कोट तहसील के गांव लोढान में अनिका ट्रेडर्स नाम की इस नर्सरी को पांच जनवरी 2023 को लाइसेंस जारी किया गया। इससे अगले ही दिन एक लाख से ज्यादा सेब के पौधों की खरीद भी कर ली गई। इसके लिए अनिका ट्रेडर्स की ओर से चार करोड़ रुपये से ज्यादा के 500 बिल उद्यान विभाग को भेजे और 50 फीसदी सब्सिडी की मांग की। सीएचओ उत्तरकाशी की ओर से करीब दो करोड़ रुपये इस नर्सरी को जारी भी कर दिए।

सीबीआई ने जब जांच की तो पता चला कि अनिका ट्रेडर्स के मालिक अनिल कुमार मिश्रा ने जिस जमीन पर पौध उगाना दिखाया है, उसकी लीज डीड ही चार जनवरी 2023 को की गई थी। इस तरह एक ही दिन में दो साल वाले पौधों की सप्लाई कर दी गई। इस तरह अनिका नर्सरी को जो काम दो साल बाद करना था, वह 24 घंटे में ही कर दिखाया। सीबीआई जांच में यह भी सामने आया कि जिस जगह पर नर्सरी का होना बताया गया है, वहां पर कोई नर्सरी है ही नहीं।

एक और खेल बवेजा ने खेला। बवेजा ने इसके लिए फुलप्रूफ तैयारियां कर ली थीं। जिस रजिस्टर में लाइसेंस संबंधी जानकारियां थीं, उसके स्थान पर दूसरा रजिस्टर रख दिया गया। इसमें अनिका ट्रेडर्स का नाम और उसकी हिस्ट्री भी बनाई गई थी, लेकिन सीबीआई जब जांच के लिए पहुंची तो यह रजिस्टर उन्हें नहीं मिला। सूत्रों के अनुसार एचएस बवेजा ने ही इस रजिस्टर को अपने कब्जे में लेकर गायब कर दिया। सीबीआई ने इस तथ्य का अपनी एफआईआर में भी जिक्र किया है।

पांच किश्तों में ली 1.40 करोड़ की रिश्वत
सीबीआई जांच में यह भी सामने आया कि एचएस बवेजा ने इस मामले में रिश्वत भी ली है। 1.40 करोड़ रुपये की यह रिश्वत बवेजा ने अपने परिचित हरजीत सिंह निवासी राजपुर रोड को पांच किश्तों में दिलाई थी। सीबीआई ने हरजीत सिंह को भी आरोपी बनाया है।

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